घटना विवरण
मिथिला से विवाह-यात्रा की वापसी
विवाह संस्कारों के बाद राजपरिवार का विवाह-समूह मिथिला से अयोध्या की ओर लौटता है।
Read Full Storyविवाह संस्कारों के बाद राजपरिवार का विवाह-समूह मिथिला से अयोध्या की ओर लौटता है। यह प्रसंग रामायण कथानक में एक महत्वपूर्ण चरण माना जाता है और इसके ऐतिहासिक-भौगोलिक संकेतों पर विभिन्न शोध परंपराओं में सतत अध्ययन होता रहा है।
विश्वसनीयता का आधार: इस घटना के स्रोत पर्याप्त हैं, पर कालक्रम, स्थान-निर्धारण या व्याख्या के कुछ बिंदुओं पर विभिन्न विद्वानों में मतभेद बने हुए हैं।
वाल्मीकि रामायण श्लोक संदर्भ
Valmiki Ramayana Bala Kanda 1-73
श्लोक-संदर्भ: Valmiki Ramayana Bala Kanda 1-73
śloka reference: Valmiki Ramayana Bala Kanda 1-73
Primary chapter-level shloka reference for Marriage Procession Returns from Mithila.
मूल स्रोत देखें
व्याख्याएँ
घटना विवरण में व्याख्याएँ और संबंधित स्रोत एक ही स्थान पर तुलना के लिए उपलब्ध होते हैं।
- Textual sequence · Valmiki Textual Tradition
Marriage Procession Returns from Mithila को कथानक निरंतरता और सापेक्ष-क्रम मानचित्रण के आधार पर रामायण: प्रारंभिक दरबारी आख्यान क्रम में रखा गया है।
अनुमानित सीमा: -700 से -100यह स्वतः-निर्मित व्याख्या घटना की विश्वसनीयता श्रेणी (मध्यम) के अनुरूप रखी गई है।
स्रोत
Valmiki Ramayana Primary Index
Sanskrit Documents · 2026 · primary_text
संदर्भ देखें
संबंधित घटनाएँ
ये संबंध स्पष्ट लिंक, साझा कथात्मक क्रम, भूगोल या घटना-प्रकार के आधार पर पारदर्शी रूप से दिखाए जाते हैं।
समान कथात्मक चाप
अहल्या उद्धार
गौतम आश्रम में राम के आगमन से अहल्या प्रसंग का समापन होता है और उनकी सामाजिक प्रतिष्ठा पुनःस्थापित होती है।
प्रकार: पुनर्स्थापनाविश्वसनीयता: मध्यमसमान कथात्मक चाप
सीता स्वयंवर और शिव धनुष भंग
मिथिला में राम शिवधनुष उठाकर तोड़ते हैं और इसके परिणामस्वरूप सीता से विवाह संपन्न होता है।
प्रकार: विवाहविश्वसनीयता: उच्चसमान कथात्मक चाप
सिद्धाश्रम यज्ञ की रक्षा
राम और लक्ष्मण सिद्धाश्रम के यज्ञ की सफल रक्षा करते हैं और संरक्षक व्रत पूर्ण करते हैं।
प्रकार: रक्षाविश्वसनीयता: मध्यम