घटना विवरण

खर-दूषण युद्ध

प्रकार: युद्धविश्वसनीयता: उच्च

शूर्पणखा प्रसंग के बाद खर और दूषण के साथ संघर्ष होता है, जिससे राक्षसी शक्तियों और रामपक्ष का सीधा सैन्य टकराव स्पष्ट होता है।

Read Full Story

शूर्पणखा प्रसंग के बाद खर और दूषण के साथ संघर्ष होता है, जिससे राक्षसी शक्तियों और रामपक्ष का सीधा सैन्य टकराव स्पष्ट होता है। यह प्रसंग रामायण कथानक में एक महत्वपूर्ण चरण माना जाता है और इसके ऐतिहासिक-भौगोलिक संकेतों पर विभिन्न शोध परंपराओं में सतत अध्ययन होता रहा है।

विश्वसनीयता का आधार: इस घटना के लिए पाठीय स्रोतों में अच्छा सामंजस्य मिलता है और प्रमुख व्याख्याएँ मुख्य बिंदुओं पर व्यापक रूप से सहमत दिखती हैं।

वाल्मीकि रामायण श्लोक संदर्भ

  • Valmiki Ramayana Aranya Kanda 3-29

    श्लोक-संदर्भ: Valmiki Ramayana Aranya Kanda 3-29

    śloka reference: Valmiki Ramayana Aranya Kanda 3-29

    Primary chapter-level shloka reference for Battle of Khara and Dushana.

    मूल स्रोत देखें

व्याख्याएँ

घटना विवरण में व्याख्याएँ और संबंधित स्रोत एक ही स्थान पर तुलना के लिए उपलब्ध होते हैं।

  • Textual sequence · Valmiki Textual Tradition

    Battle of Khara and Dushana को कथानक निरंतरता और सापेक्ष-क्रम मानचित्रण के आधार पर रामायण: वनवास और अरण्य मार्ग क्रम में रखा गया है।

    अनुमानित सीमा: -700 से -100
    यह स्वतः-निर्मित व्याख्या घटना की विश्वसनीयता श्रेणी (उच्च) के अनुरूप रखी गई है।

स्रोत

संबंधित घटनाएँ

ये संबंध स्पष्ट लिंक, साझा कथात्मक क्रम, भूगोल या घटना-प्रकार के आधार पर पारदर्शी रूप से दिखाए जाते हैं।

  • समान कथात्मक चाप

    पंचवटी में शूर्पणखा प्रसंग

    शूर्पणखा के आगमन और उससे उत्पन्न संघर्ष के कारण घटनाक्रम तीव्र होता है और आगामी युद्ध-श्रृंखला का आधार बनता है।

    प्रकार: संघर्षविश्वसनीयता: उच्च
  • समान कथात्मक चाप

    मारीच का स्वर्ण-मृग रूप

    मारीच स्वर्ण-मृग का रूप धारण कर राम को आश्रम से दूर ले जाने की योजना को सफल बनाने में रावण की सहायता करता है।

    प्रकार: छलविश्वसनीयता: उच्च
  • समान कथात्मक चाप

    पंचवटी में निवास स्थापना

    राम, सीता और लक्ष्मण पंचवटी में निवास स्थापित करते हैं, जो आगे के संघर्ष प्रसंगों का प्रमुख केंद्र बनता है।

    प्रकार: निवास स्थापनाविश्वसनीयता: उच्च
  • समान कथात्मक चाप

    लक्ष्मण का राम के पीछे आश्रम छोड़ना

    राम की पुकार सुनकर लक्ष्मण आश्रम छोड़ते हैं, जिससे सीता की सुरक्षा व्यवस्था भंग होती है और हरण प्रसंग का मार्ग प्रशस्त होता है।

    प्रकार: निर्णायक मोड़विश्वसनीयता: उच्च
  • समान प्रकार

    वालि वध और सुग्रीव की पुनःस्थापना

    राम वालि का वध करके सुग्रीव को पुनः राज्य दिलाते हैं, जिससे सीता-खोज अभियान के लिए नेतृत्व सुदृढ़ होता है।

    प्रकार: युद्धविश्वसनीयता: उच्च
  • समान प्रकार

    कबंध से सामना

    राम और लक्ष्मण कबंध का संहार करते हैं; यह प्रसंग दक्षिणी दिशा में आगे बढ़ने के लिए नए संकेत प्रदान करता है।

    प्रकार: युद्धविश्वसनीयता: मध्यम